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Sunday, January 10, 2016

पंखों से नहीं अरे हौसलों से है उड़ान होती


छोटे   मन  से  कोई  भी  बड़ा  नहीं  होता
टूटे  मन  से  कोई  भी  खड़ा  नहीं  होता ॥

विश्वास  और  हिम्मत  को  थामे  रखना
हिम्मतों  के  बिना  संघर्ष  कोई  पूरा  नहीं  होता ॥

जब  तक  हो  न  सफल  हिम्मत  को  न  त्यागो  तुम
संघर्षों  का  मैदान  छोड़  कर  न  भागो  तुम ॥ 

बिना  किये  कुछ  युहीं  जय  जय  कार  नहीं  होती
संघर्ष  करने  वालों  की  कभी  हार  नहीं  होती ॥

मंज़िलें  उनको  ही  मिलती  हैं  जिनके  सपनों  में  है  जान  होती
पंखों  से  नहीं  अरे  हौसलों  से  है  उड़ान  होती ॥ 

- श्री अटल बिहारी वाजपेयी

Saturday, November 29, 2014

आऒ फिर से दिया जलाये


आओ फिर से दिया जलाये
भरी दोपहरी में अँधियारा, सूरज परछाई से हारा
अन्तरतम का नेह निचोडें, भुजी हुयी बाती सिलगायें 
आओ फिर से दिया जलाये, आओ फिर से दिया जलाये

हम पढ़ाव को समझें मंजिल, लक्ष्य हुआ आँखों से ओझल
वर्तमान के मोह जाल में आनेवाला कल न भुलाएं
आओ फिर से दिया जलाये, आओ फिर से दिया जलाये

आहुति बाकि, यज्ञ अधूरा
अपनो के वीग्नो ने घेरा
अंतिम जय का वज्र बनाने, नव धधिच हड्डिया गलाने
आओ फिर से दिया जलाये, आओ फिर से दिया जलाये


- श्री अटल बिहारी वाजपाई

Wednesday, April 9, 2014

संग्राम ज़िन्दगी है

संग्राम ज़िन्दगी है, लड़ना उसे पड़ेगा.
जो लड़ नहीं सकेगा, आगे नहीं बढ़ सकेगा.
इतिहास कुछ नहीं है, संघर्ष की कहानी.
राणा शिवाजी भगत सिंह और झाँसी वाली रानी,
कोई भी कायरो का इथिहस क्यों पड़ेगा.
जो लड़ नहीं सकेगा आगे नहीं बढ़ सकेगा,
संग्राम ज़िन्दगी है, संग्राम ज़िन्दगी है.

Tuesday, December 20, 2011

तार मन कि तुम्ही से जुडी ही रहे

तार मन कि तुम्ही से जुडी ही रहे,
आत्म ज्योति सभी कि जगी ही रहे,
आरजू है यही  कि तेरी गोद में, बाबा हसती हर एक ज़िन्दगी रहे ||


हो ह्रदय में नहीं बदले कि भावना,                                   
सब के खातिर सदा हो ये शुभ कामना |
उरमे प्रभु प्रीत सबके  बसी ही रहे,
बाबा हसती हर एक ज़िन्दगी ही रहे ||

विश्व सारा हमारा ये  अपना ही घर, 
सबके हम, सब हमारे ही आये नज़र | 
हर डगर फूलों से यूँ सजी ही रहे,
बाबा हसती हर एक ज़िन्दगी ही रहे ||
तार मन कि तुम्ही से जुडी ही रहे ||

भूलें भटकें उन्हें पास लाना हमें,
जो मिला है उन्हें भी दिलाना हमें |
ये लगन दिल में हर दम लगी ही रहे,
बाबा हसती हर एक ज़िन्दगी ही रहे ||

तार मन कि तुम्ही से जुडी ही रहे,
आत्मा ज्योति सभी कि जगी ही रहे,
आरजू है यही कि तेरी गोद में बाबा हसती हर एक ज़िन्दगी रहे ||


तार मन कि तुम्ही से जुडी ही रहे||

Wednesday, November 10, 2010

Where the mind is without fear


Where the mind is without fear and the head is held high;
Where knowledge is free;
Where the world has not been broken up into fragments by narrow
domestic walls;
Where words come out from the depth of truth;
Where tireless striving stretches its arms towards perfection;
Where the clear stream of reason has not lost its way into the
dreary desert sand of dead habit;
Where the mind is led forward by thee into ever-widening thought
and action--
Into that heaven of freedom, my Father, let my country awake.



-- Rabindranath Tagore

Wednesday, September 15, 2010

चलो मन जायें घर अपने


चलो मन जायें घर अपने
इस परदेस में, ओ परदेस में
क्यों परदेसी राहें ये~
चलो मन जायें घर अपने ...


आँख जो भाये वो कोरा सपना
आँख जो भाये वो कोरा सपना, सारे पराये हैं कोई न अपना ||
ऐसे झूटे प्रेम में पड़ ना भूल में काहे जियें~
चलो मन जायें घर अपने ...


सच्चे प्रेम की ज्योत जला के
सच्चे प्रेम की ज्योत जला के, मन सुन मेरे कान लगा के ||
पाप और पुण्य की गडरी उठा के अपनी राह चलें~
चलो मन जायें घर अपने ...